कांधला (शामली)। किन्नर समाज के बीच बुधवार को कांधला कस्बा संघर्ष का मैदान बन गया। वर्षों पुरानी परंपरा और क्षेत्रीय समझौते को दरकिनार कर सन्नो की चेली ज्योति द्वारा बधाई लेने से माहौल गर्म हो गया।
सूत्रों के मुताबिक, कांधला की वरिष्ठ किन्नर सन्नो ने कुछ समय पूर्व आपसी सहमति से अपना पूरा इलाका गुड़गांव की जानी-मानी किन्नर गुरु हाजी रेशमा को सौंप दिया था। लेकिन बुधवार को सन्नो की शिष्या ज्योति द्वारा कस्बे में बधाई ली गई, जिसे रेशमा ने अपने “हक” पर सीधा हमला माना।
रेशमा ने मंगलवार को दर्जनों चेलों के साथ कांधला थाना पहुँचकर थाना प्रभारी सतीश कुमार से मुलाकात की। उनकी बातों में नाराज़गी साफ झलक रही थी। उन्होंने खुलकर कहा कि “हमने इलाका तमीज़ से लिया था, अब बगावत बर्दाश्त नहीं। किन्नर समाज की मर्यादा तोड़ने वालों पर सख़्त कार्रवाई हो!”
थाना प्रभारी ने मामले की गंभीरता को समझते हुए निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों से बातचीत कर जल्द ही स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
इस पूरी घटना ने कांधला कस्बे में हलचल मचा दी है। लोग हैरान हैं कि जो परंपरा दशकों से नियमों पर चलती थी, वह अब अंदरूनी टकराव की चपेट में है।
पुलिस की जांच के बाद आने वाला फैसला, किन्नर समाज के भविष्य के अनुशासन का रास्ता तय करेगा।