कैराना में नशा विरोधी जंग का नायक चेहरा: कोतवाल धर्मेंद्र सिंह का आक्रामक अभियान!
जीरो टॉलरेंस नीति ने तोड़ी नशा तस्करों की कमर, कैराना में बड़े से बड़ा नशा तस्कर या तो जेल चला गया या भूमिगत हो गया। !
सेवा, सख्ती और समर्पण: कोतवाल धर्मेंद्र सिंह बन गए नशामुक्त समाज के हीरो! क्षेत्र में नशा व्यापार करने वालों में खौफ का माहौल!
कैराना (शामली)। कैराना कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक धर्मेंद्र सिंह का नशा विरोधी अभियान इन दिनों चर्चा का केंद्र बना हुआ है। उनकी आक्रामक कार्यशैली और जनसहयोग से चलाए जा रहे इस अभियान ने न केवल नशा तस्करों के छक्के छुड़ा दिए हैं, बल्कि क्षेत्र के युवाओं को एक नई दिशा देने का संकल्प भी पूरा कर रहा है।
नशा तस्करी पर सख्ती: बड़े से बड़ा नशा तस्कर या तो जेल चला गया या भूमिगत हो गया।
धर्मेंद्र सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने हाल ही में कई बड़े ऑपरेशन अंजाम दिए हैं। इनमें अफीम, स्मैक, चरस और गांजे जैसे नशीले पदार्थों की बड़ी खेप के साथ कई तस्कर गिरफ्तार किए गए हैं। उनकी “जीरो टॉलरेंस” नीति के तहत पुराने और नए तस्करों के खिलाफ एक साथ कार्रवाई की जा रही है। इससे क्षेत्र में नशा व्यापार करने वालों में खौफ का माहौल है। और बड़े से बड़ा नशा तस्कर या तो जेल चला गया या भूमिगत हो गया।
जनता का सहयोग: गोपनीय सूचना पर त्वरित कार्रवाई, पहचान छुपाने का भी आश्वासन!
धर्मेंद्र सिंह ने नशा विरोधी अभियान को जनआंदोलन बनाने पर जोर दिया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे नशे की बिक्री या सेवन की सूचना सीधे उनके CUG नंबर 9454404069 पर दें। सूचनादाता की पहचान गोपनीय रखने का आश्वासन देते हुए उन्होंने कहा कि नशा समाज को अंदर से खोखला कर देता है। इसे रोकने के लिए हर नागरिक को आगे आना होगा।
युवाओं को नई राह: शिक्षा और संस्कार पर जोर!
धर्मेंद्र सिंह का मानना है कि नशे की जड़ें समाज में गहरी हैं, इसलिए केवल कानूनी कार्रवाई ही काफी नहीं है। उन्होंने स्थानीय शिक्षण संस्थानों और समाजसेवी संगठनों के साथ मिलकर युवाओं को जागरूक करने का अभियान भी शुरू किया है। इसके तहत नुक्कड़ नाटक, सेमिनार और कैंपेन चलाए जा रहे हैं, जिनमें नशे के दुष्परिणामों को उजागर किया जाता है।
उच्चाधिकारियों और जनता की सराहना!
धर्मेंद्र सिंह के प्रयासों को न केवल स्थानीय लोग, बल्कि पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी भी सलाम कर रहे हैं। एक जनसभा में उन्होंने कहा कि नशामुक्त समाज बनाना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। कैराना इसका उदाहरण बनेगा। स्थानीय समाजसेवियों ने बताया कि वर्षों बाद ऐसा अधिकारी मिला है, जो वाकई में बदलाव लाने के लिए समर्पित है।
देशव्यापी नशा विरोधी मुहिम का हिस्सा!
कैराना का यह अभियान उन कई प्रयासों में से एक है जो देशभर में चल रहे हैं। पंजाब में 12 दिनों में 875 FIR दर्ज कर 1,188 तस्कर गिरफ्तार किए गए, वहीं कबीरधाम और भीलवाड़ा में अवैध शराब और गांजे की बड़ी खेप जब्त की गई। ये सभी कार्यवाहियां दर्शाती हैं कि नशे के खिलाफ लड़ाई अब एक राष्ट्रीय प्राथमिकता बन चुकी है।
एक आदर्श कस्बे की ओर बढ़ते कदम!
धर्मेंद्र सिंह का सपना कैराना व क्षेत्र को नशामुक्त और अपराधमुक्त क्षेत्र बनाने का है। उनकी मेहनत और जनता के सहयोग से यह सपना अब हकीकत की ओर बढ़ रहा है। जैसे-जैसे नशा तस्करों की गिरफ्तारियां बढ़ रही हैं, वैसे-वैसे कस्बे में सुरक्षा और आशा की नई लहर दिखाई दे रही है।
कोतवाल धर्मेंद्र सिंह न केवल एक पुलिस अधिकारी, बल्कि एक सामाजिक परिवर्तनकर्ता के रूप में उभरे हैं। उनका यह संघर्ष नशामुक्त भारत के निर्माण की दिशा में एक प्रेरणादायक मिसाल है।