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नाभा जेल ब्रेक के मास्टरमाइंड पेंदा की कल कोर्ट में पेशी, कैराना में कड़ी सुरक्षा

2016 नाभा जेल फरारी के मुख्य आरोपी पेंदा पर अवैध हथियारों का मुकदमा, गुरुवार को कोर्ट में होगी सुनवाई

खालिस्तानी आतंकी पेंदा का सामना कानून से, बठिंडा जेल से लाया जाएगा कैराना कोर्ट

शामली। कैराना। पंजाब की उच्च सुरक्षा वाली नाभा जेल से 2016 में हुई ऐतिहासिक फरारी के मास्टरमाइंड और खालिस्तान लिबरेशन फ्रंट (KLF) से जुड़े कुख्यात आतंकी परविंदर उर्फ पेंदा की गुरुवार को कैराना स्थित सिविल जज जूनियर डिवीजन एफटीसी कोर्ट में पेशी होनी है। इस मामले में सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं, जिसमें पुलिस और प्रशासन ने विशेष बलों को तैनात किया है।

पृष्ठभूमि:

27 नवंबर 2016 को पंजाब के नाभा जेल से KLF के प्रमुख सहित पांच खतरनाक कैदियों को छुड़ाने का मामला देशभर में सुर्खियां बटोरा था। इस घटना के मुख्य साजिशकर्ता पेंदा को भागने के दौरान हरियाणा होते हुए कैराना में पुलिस ने फॉर्च्यूनर कार, अत्याधुनिक हथियार, फर्जी आईडी और कारतूसों के साथ गिरफ्तार किया था। उस समय कोतवाली पुलिस ने अवैध हथियारों के मामले में केस दर्ज कर उसे मुजफ्फरनगर जेल भेज दिया था, लेकिन पंजाब में लंबित मुकदमों के कारण उसे बठिंडा जेल स्थानांतरित कर दिया गया।

वर्तमान स्थिति:

पेंदा के वकील अनुज रावल के अनुसार, गुरुवार की सुनवाई अवैध हथियार बरामदगी के मामले में होनी है। पिछली 17 मार्च 2025 को निर्धारित पेशी न हो पाने के बाद अदालत ने 1 अप्रैल की नई तिथि दी थी, जिसके बाद अब 10 अप्रैल को सुनवाई होगी। पेंदा के खिलाफ पंजाब और उत्तर प्रदेश में कई आतंकी और आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें जेल ब्रेक की साजिश और हथियारों की तस्करी शामिल है।

सुरक्षा व्यवस्था:

इस संवेदनशील मामले को देखते हुए पुलिस ने कोर्ट परिसर और आसपास के इलाकों में मल्टी-लेयर सिक्योरिटी की व्यवस्था की है। ड्रोन कैमरों से निगरानी, एंटी-टेरर स्क्वॉड की तैनाती, और वाहनों की जांच जैसे कदम उठाए गए हैं। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पेंदा के समर्थकों या आतंकी संगठनों द्वारा किसी अप्रत्याशित घटना को रोकने के लिए यह कार्रवाई की गई है।

भविष्य की कार्यवाही:

पेंदा के वकील ने कोर्ट में एक कंफेशन एप्लीकेशन दाखिल किया है, जिस पर चर्चा होनी है। साथ ही, पंजाब पुलिस उसे अन्य मामलों में भी सजा दिलाने के लिए प्रयासरत है। अगली सुनवाई में पेंदा के खिलाफ सबूतों की पुष्टि और गवाहों के बयान पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।

ऐतिहासिक संदर्भ:

नाभा जेल ब्रेक कांड भारत के सबसे बोल्ड जेल ब्रेक में गिना जाता है, जिसमें पुलिस वर्दी में घुसे हमलावरों ने जेल की सुरक्षा को धता बताते हुए कैदियों को फरार कराया था। इस मामले में अब तक 26 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि कुछ अभी भी फरार हैं।

 

 

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