
भोलेनाथ के दरबार में उमड़ी लाखों भावनाएं, हजारों श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक
* महाशिवरात्रि पर हजारों शिवभक्तों और कांवड़ियों ने किया जलाभिषेक, मंदिरों में देर रात तक लगी श्रद्धालुओं की कतारें
सादिक सिद्दीक़ी
कांधला। महाशिवरात्रि का पावन पर्व मंगलवार को कांधला नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। सुबह चार बजे से ही शिवालयों के कपाट खुलते ही श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के गगनभेदी जयघोषों से पूरा नगर शिवमय हो गया।
पूर्वी यमुना नहर स्थित प्रसिद्ध मनकामेश्वर नीलकंठ महादेव एवं दुर्गा मंदिर में हजारों श्रद्धालुओं और कांवड़ियों ने गंगाजल से भगवान भोलेनाथ का विधि-विधान के साथ जलाभिषेक किया। भीषण गर्मी और उमस के बावजूद महिला, पुरुष, बुजुर्ग और बच्चों ने घंटों लंबी कतारों में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार किया तथा भगवान शिव से परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
हरिद्वार और गोमुख से पवित्र गंगाजल लेकर पहुंचे कांवड़ियों ने नगर के विभिन्न शिवालयों में जलाभिषेक कर पूजा-अर्चना की। कांवड़ियों के आगमन से पूरा नगर भक्ति के रंग में रंग गया और दिनभर शिवभक्ति का माहौल बना रहा।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन और मंदिर समिति पूरी तरह मुस्तैद रही। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पुलिसकर्मी लगातार निगरानी करते रहे तथा श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम किए गए, जिससे जलाभिषेक शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हुआ।
मनकामेश्वर मंदिर के अलावा लक्ष्मी नारायण मंदिर, मोहल्ला खेल स्थित शिव मंदिर, कानूनगोयान शिव मंदिर, पंचमुखी मंदिर, हनुमान मंदिर, अंडेसर मंदिर, माता मंदिर, वैष्णो देवी मंदिर, तालाब वाला मंदिर और सूरजकुंड मंदिर सहित नगर के सभी प्रमुख शिवालयों में सुबह से देर रात तक श्रद्धालुओं और कांवड़ियों की भारी भीड़ उमड़ी रही। हर शिवालय में भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक कर भक्तों ने पूजा-अर्चना की और धर्म लाभ अर्जित किया।
महाशिवरात्रि के अवसर पर पूरे कांधला क्षेत्र में आस्था, भक्ति और श्रद्धा का अनुपम संगम देखने को मिला। शिवभक्तों के उत्साह और जयघोषों से पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।