महिला के बलात्कार व हत्या के बाद योगी सरकार ने उठाए सख्त कदम, ऑटो-ई-रिक्शा चालकों का वेरिफिकेशन अनिवार्य
लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने राजधानी लखनऊ के आलमबाग इलाके में एक महिला के बलात्कार व हत्या की घटना के बाद सख्त कार्रवाई का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में हुई बैठक में प्रदेश भर के सभी ऑटो व ई-रिक्शा चालकों का सत्यापन (वेरिफिकेशन) कराने और आपराधिक पृष्ठभूमि वालों पर कार्रवाई का निर्णय लिया गया। साथ ही, लखनऊ पुलिस कमिश्नर समेत जिला प्रशासन को निगरानी में लापरवाही के लिए फटकार लगाई गई।
चालकों के सत्यापन पर ज़ोर
रविवार को हुई कानून-व्यवस्था समीक्षा बैठक में सीएम योगी ने निर्देश दिए कि प्रदेश के हर जिले में ऑटो-रिक्शा और ई-रिक्शा चालकों का पुलिस वेरिफिकेशन किया जाए। जिन चालकों के खिलाफ पहले से मुकदमे दर्ज हैं या वे “अपराधी प्रवृत्ति” के हैं, उनकी गाड़ियों का परमिट रद्द कर दिया जाएगा और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस कदम का उद्देश्य सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने वाली महिलाओं व आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
लखनऊ पुलिस कमिश्नर को फटकार, कहा- “घटना रोकी जा सकती थी”
बैठक के दौरान सीएम योगी ने लखनऊ पुलिस कमिश्नर अमरेंद्र कुमार सेंगर को निशाने पर लेते हुए कहा कि आलमबाग बस स्टैंड से महिला का अगवा होना और उसकी हत्या की घटना “पुलिस की सतर्कता से रोकी जा सकती थी”। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने ऑटो-रिक्शा चालकों पर पहले की तरह नजर नहीं रखी, जिससे ऐसी वारदात को अंजाम देना आसान हो गया। सीएम ने कहा, “यह लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन को हरसंभव उपाय करने होंगे।”
75 जिलों के अधिकारियों को चेतावनी
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए 75 जिलों के एसपी, डीएम और अन्य अधिकारियों को संबोधित करते हुए योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट चेतावनी दी कि लखनऊ जैसी कोई भी घटना प्रदेश के किसी भी जिले में दोहराई नहीं जानी चाहिए। उन्होंने कहा, “अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर अमल करें। महिला सुरक्षा, सार्वजनिक परिवहन और संदिग्ध तत्वों पर नजर रखने के निर्देशों की अनदेखी करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।”
पीड़िता का केस क्या है?
गौरतलब है कि लखनऊ के आलमबाग बस स्टैंड से एक महिला को अगवा करने के बाद उसके साथ बलात्कार और हत्या की घटना सामने आई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन प्रशासन की लापरवाही को लेकर सवाल उठ रहे थे। इसी के मद्देनजर सीएम योगी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नई गाइडलाइन्स जारी की हैं।
प्रशासन ने की शुरुआत
प्रशासन का कहना है कि चालकों का डेटाबेस तैयार कर उनकी पृष्ठभूमि की जांच शुरू कर दी गई है। साथ ही, सार्वजनिक स्थलों पर सीसीटीवी कैमरों की संख्या बढ़ाने और पुलिस पेट्रोलिंग तेज करने के निर्देश दिए गए हैं।