भाकियू ने की किसान महापंचायत: राकेश टिकैत बोले- ‘फसलों के दाम नहीं बढ़े, ट्रैक्टर पर टोल नहीं लगे
कर्ज और महंगाई से त्रस्त किसानों को राकेश टिकैत का संदेश: ‘खर्चे कम करो, बच्चों को पढ़ाओ, नशे से दूर रहो
वक्फ बिल से लेकर कृषि कानून तक: भाकियू ने घोषित की ‘आर-पार की लड़ाई’, नई रणनीति पर जोर
कैराना : भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) की ओर से शनिवार को गांव मोहम्मदपुर राई में आयोजित किसान महापंचायत में किसानों की बदहाली, बढ़ते कर्ज और सरकारी नीतियों पर जोरदार चर्चा हुई। भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत कर किसानों से एकजुट होकर संघर्ष का आह्वान किया। कार्यकर्ताओं ने उनका माल्यार्पण और पगड़ी पहनाकर स्वागत किया।
फसलों के दाम और ट्रैक्टर टोल पर टिकैत का हमला
टिकैत ने कहा कि सरकार के फैसले किसानों के हक में नहीं हैं। फसलों के दाम नहीं बढ़े, जबकि महंगाई आसमान छू रही है। किसानों के ट्रैक्टर पर टोल लगाने का प्रस्ताव भी अन्यायपूर्ण है। उन्होंने किसानों को जागरूक करने के लिए छोटी-छोटी पंचायतें आयोजित करने और सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने की बात कही।
“मजदूर से भी बत्तर हालात, कर्ज का बोझ बढ़ा”
टिकैत ने किसानों की स्थिति को मजदूरों से भी खराब बताते हुए कहा कि खेती के लिए मजदूर नहीं मिल रहे, जिससे किसानों को अधिक मजदूरी देनी पड़ रही है। फसलों के दाम कम हैं, लेकिन खाद-बीज महंगे हो गए। यही वजह है कि किसानों पर कर्ज बढ़ रहा है। उन्होंने 2020 से पहले के कर्ज राहत प्रावधानों और वर्तमान नीतियों में अंतर बताया।
“बचत और शिक्षा पर दें ध्यान”
किसानों को सलाह देते हुए टिकैत ने कहा कि खर्चे कम करो, नशे से दूर रहो, बच्चों को पढ़ाओ और महंगे बाजारू सामान की जगह घरेलू चीजें इस्तेमाल करो। जमीन बचाने के लिए संघर्ष जरूरी है।
वक्फ बिल और सरकारी नीतियों पर निशाना
वक्फ संशोधन विधेयक पर टिकैत ने कहा, “हमने इस मुद्दे को ब्लैकलिस्ट में डाल दिया है। सरकार रात-दिन नए बनाने में लगी है, लेकिन किसानों को इन नीतियों का विरोध करना होगा।” उन्होंने भाकियू की ओर से आर-पार की लड़ाई जारी रखने का संकल्प दोहराया।
नेताओं ने रखे अपने विचार
महापंचायत में प्रदेश प्रवक्ता कुलदीप पंवार, मंडल अध्यक्ष भंवर सिंह तोमर और जिलाध्यक्ष कपिल खाटियान ने भी किसानों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि भाकियू नए कृषि कानूनों के खिलाफ जल्द ही नई रणनीति बनाएगा।
नियुक्तियों का ऐलान
इस दौरान अब्बास को मंडल उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया। मंडल महासचिव गय्यूर हसन, युवा मंडल अध्यक्ष राजेश प्रधान समेत कई पदाधिकारियों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम में हजारों किसानों ने हिस्सा लेकर संगठनात्मक एकजुटता दिखाई।
यह खबर किसानों के संघर्ष, सरकारी नीतियों के प्रति भाकियू के रुख और आगे की रणनीति को रेखांकित करती है।