
जाम की मार बस अड्डे पर घंटों ठहर गया यातायात,
सादिक सिद्दीक़ी
कांधला। रविवार को कस्बे का दिल्ली बस अड्डा जाम के जाल में ऐसा फंसा कि आम लोग घंटों तक परेशान रहे। अचानक बड़े-बड़े वाहनों के एक साथ पहुंचने से पूरा इलाका ठप पड़ गया। बस अड्डे के आस-पास गाड़ियों की लंबी कतारें, हॉर्न का शोर और धूल-धक्कड़ में फंसे लोगों का सब्र जवाब देने लगा।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि पहले से ही बस अड्डे के पास वाहनों का भारी दबाव था, तभी अचानक कुछ ट्रक और बसें वहां आ गईं। देखते ही देखते सड़क पूरी तरह अवरोधित हो गई, यहां तक कि पैदल यात्रियों को भी निकलना मुश्किल हो गया।
स्थिति की गंभीरता देखते हुए पुलिस प्रशासन हरकत में आया। कई पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे और पसीना बहाते हुए जाम खुलवाने में जुट गए। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने बड़े वाहनों को वैकल्पिक मार्ग से भेजा और यातायात व्यवस्था को धीरे-धीरे पटरी पर लाया। राहत की सांस तब आई जब सड़कें खाली दिखीं।
स्थानीय व्यापारी आरिफ ने बताया कि रविवार को बाजार में भीड़ ज्यादा होती है, जिससे बस अड्डे के पास हमेशा जाम की समस्या बनी रहती है। उन्होंने कहा कि “अगर प्रशासन यातायात नियंत्रण के लिए ठोस योजना बनाकर बड़े वाहनों के प्रवेश पर नियंत्रण लगाए, तो इस मुसीबत से काफी हद तक बचा जा सकता है।”
लोगों ने प्रशासन से यह भी मांग की कि ऐसी अफरातफरी दोबारा न हो, इसके लिए स्थायी समाधान निकाला जाए, ताकि नागरिकों को बार-बार जाम के कहर का सामना न करना पड़े।